FIFA World Cup 2026: दुनिया के सबसे बड़े खेल महाकुंभ यानी फीफा वर्ल्ड कप 2026 (FIFA World Cup 2026) का बिगुल बज चुका है। टूर्नामेंट का पहला मुकाबला मेक्सिको सिटी के ऐतिहासिक एस्टाडियो एज़्टेका (Estadio Azteca) स्टेडियम में खेला जाएगा, जहां सह-मेजबान मेक्सिको का सामना साउथ अफ्रीका से होगा। यह वही मैदान है जिसने पेले और डिएगो माराडोना जैसे महान खिलाड़ियों को इतिहास रचते देखा है।
दिलचस्प बात यह है कि यह मैच 2010 के वर्ल्ड कप ओपनर की यादें ताजा करेगा, जब इन्हीं दोनों टीमों के बीच मुकाबला 1-1 से ड्रा रहा था। 16 साल बाद एक बार फिर इतिहास खुद को दोहराने के लिए तैयार है।
मुकाबला 1: मेक्सिको बनाम साउथ अफ्रीका (ग्रुप A)
मेक्सिको: घरेलू फैंस के सामने जीत पर नजरें
अनुभवी कोच जेवियर एगुइरे (Javier Aguirre) के मार्गदर्शन में मेक्सिको की टीम इस बार घरेलू मैदान पर धमाल मचाने के इरादे से उतरेगी। हालिया फॉर्म की बात करें तो मेक्सिको पिछले 8 मैचों से अजेय (Undefeated) है, जिसमें सर्बिया के खिलाफ 5-1 की धमाकेदार जीत भी शामिल है।

युवा सनसनी पर नजर: इस मैच में सभी की नजरें 17 वर्षीय टिजुआना सनसनी गिल्बर्टो मोरा (Gilberto Mora) पर होंगी। अगर वे मैदान पर उतरते हैं, तो वह वर्ल्ड कप इतिहास में खेलने वाले छठे सबसे युवा खिलाड़ी बन जाएंगे।
अनुभव का पावरहाउस: दूसरी ओर, 40 साल के गोलकीपर गुइलेर्मो ओचोआ (Guillermo Ochoa) अपना अनुभव टीम के साथ साझा करेंगे।
टीम न्यूज: सेसर मोंटेस, एडसन अल्वारेज़ और एलेक्सिस वेगा जैसे चोटिल खिलाड़ी अब फिट नजर आ रहे हैं और उन्होंने सर्बिया के खिलाफ फ्रेंडली मैच में भी हिस्सा लिया था।
साउथ अफ्रीका: उलटफेर करने में माहिर ‘बाफाना बाफाना’
ह्यूगो ब्रूस (Hugo Broos) की कोचिंग वाली साउथ अफ्रीका की टीम भले ही इस मैच में अंडरडॉग (कमजोर) के रूप में शुरुआत करेगी, लेकिन उन्हें हल्के में लेना भारी भूल होगी। उन्होंने अपने क्वालिफिकेशन ग्रुप में नाइजीरिया जैसी दिग्गज टीम को पछाड़कर यहां जगह बनाई है।
चिंता का विषय: साउथ अफ्रीका का हालिया फॉर्म थोड़ा चिंताजनक है। टीम पिछले 4 मैचों से जीत नहीं पाई है और उनके पास फिनिशिंग टच की कमी दिख रही है (निकारागुआ के खिलाफ 86% पजेशन के बाद भी मैच 0-0 रहा था)।
टीम न्यूज: इंजरी की चिंता से उबरकर ऑब्रे मोडिबा (Aubrey Modiba) पूरी तरह फिट हो चुके हैं और चयन के लिए उपलब्ध रहेंगे।
मुकाबला 2: साउथ कोरिया बनाम चेकिया (Czechia) – थर्सडे थ्रिलर
मेक्सिको के ग्वादलाहारा में स्थित एस्टाडियो चिवास (Estadio Chivas) मैदान पर ग्रुप A के दूसरे मुकाबले में साउथ कोरिया और चेकिया आमने-सामने होंगे। चेकिया की टीम 2006 के बाद पहली बार वर्ल्ड कप में वापसी कर रही है, जबकि डोंग म्योंग-बो की साउथ कोरियाई टीम बिना कोई मैच हारे क्वालीफाई करके आई है।

क्या यह सोन ह्युंग-मिन का ‘लास्ट डांस’ है?
साउथ कोरिया के लिए पूरे टूर्नामेंट की उम्मीदें उनके 33 वर्षीय स्टार फॉरवर्ड सोन ह्युंग-मिन (Heung-min Son) पर टिकी हैं। करियर के इस पड़ाव पर मुमकिन है कि यह सोन का आखिरी वर्ल्ड कप हो।
कोरिया की ताकत: कोरिया के पास पीएसजी (PSG) के ली कांग-इन और प्रीमियर लीग का अनुभव रखने वाले खिलाड़ी हैं, जो उलटफेर करने का दम रखते हैं। हालांकि, मिडफील्ड में इंजरी के चलते टीम को 3-मैन डिफेंस (three-man backline) के साथ उतरना पड़ सकता है।
चेकिया: फिजिकल गेम और क्रॉसिंग की ताकत
चेकिया के पास भले ही अब पावेल नेदवेद या थॉमस रोसिका जैसे स्किल्ड मिडफील्डर न हों, लेकिन उनकी सबसे बड़ी ताकत उनकी फिजिकल फुटबॉल और एरियल सुपीरियरिटी (हवाई हमलों में मजबूती) है।
गेम प्लान: चेकिया का गेम प्लान सीधा है—विंगबैक से बॉक्स में क्रॉस डालना जहां 6 फीट 6 इंच के थॉमस चोरी (Tomás Chorý) और पैट्रिक शिक (Patrik Schick) हेडर से गोल दागने के लिए तैयार रहेंगे। लियोन (Lyon) के लिए शानदार सीजन बिताने वाले पावेल सुल्क (Pavel Sulc) उनके एक्स-फैक्टर साबित हो सकते हैं।
