भारतीय क्रिकेट को टेस्ट फॉर्मेट में एक नया स्पिन सितारा मिलता दिख रहा है। अफगानिस्तान के खिलाफ न्यू चंडीगढ़/मुल्लांपुर में खेले जा रहे वन-ऑफ टेस्ट में 23 साल के लेफ्ट आर्म स्पिनर मानव सुथार ने अपने डेब्यू मैच में शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया।
भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 564/8 पर पारी घोषित की। इसके जवाब में अफगानिस्तान की टीम भारतीय गेंदबाजी के सामने टिक नहीं पाई और सिर्फ 152 रन पर सिमट गई। इस पारी के हीरो मानव सुथार रहे, जिन्होंने 22 ओवर में 10 मेडन के साथ सिर्फ 33 रन देकर 6 विकेट झटके। उनके इस प्रदर्शन को 38 साल बाद किसी भारतीय डेब्यूटेंट द्वारा सबसे बेहतरीन टेस्ट इनिंग स्पेल बताया जा रहा है।
पहले ही ओवर में विकेट, 25 साल का इंतजार खत्म
मानव सुथार ने अपने टेस्ट करियर की शुरुआत ही यादगार अंदाज में की। उन्होंने डेब्यू टेस्ट में अपने पहले ही ओवर में विकेट हासिल किया। इसके साथ वह 25 साल बाद पहले भारतीय बने, जिन्होंने पुरुष टेस्ट क्रिकेट में डेब्यू पर अपने पहले ओवर में विकेट लिया। उनसे पहले टीनू योहाना ने 2001 में इंग्लैंड के खिलाफ यह कारनामा किया था।
6/33 के साथ रिकॉर्ड बुक में नाम दर्ज
सुथार ने अफगानिस्तान की पारी में अब्दुल मलिक, रहमानुल्लाह गुरबाज, अफसर जजई, शरफुद्दीन अशरफ, रहमत शाह और मोहम्मद सलीम सफी को आउट किया। उनका स्पेल सिर्फ विकेटों के लिहाज से खास नहीं था, बल्कि उनकी लाइन-लेंथ, फ्लाइट, ड्रिफ्ट और कंट्रोल ने भी अफगान बल्लेबाजों को लगातार दबाव में रखा।
इस प्रदर्शन के साथ मानव सुथार टेस्ट डेब्यू पर पांच विकेट लेने वाले भारत के चुनिंदा गेंदबाजों की सूची में शामिल हो गए। रिपोर्ट्स के मुताबिक, वह डेब्यू टेस्ट में पांच विकेट लेने वाले 10वें भारतीय और सातवें भारतीय स्पिनर बने।
दिलीप दोशी का 47 साल पुराना रिकॉर्ड टूटा
मानव सुथार ने भारतीय लेफ्ट आर्म स्पिनरों के बीच भी बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम किया। इससे पहले डेब्यू टेस्ट में किसी भारतीय लेफ्ट आर्म स्पिनर के सर्वश्रेष्ठ आंकड़े दिलीप दोशी के नाम थे, जिन्होंने 1979 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ चेन्नई टेस्ट में 6/103 लिए थे। सुथार ने अफगानिस्तान के खिलाफ 6/33 लेकर यह 47 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया।
भारत के लिए डेब्यू टेस्ट में बेहतरीन गेंदबाजी आंकड़े
भारत के लिए टेस्ट डेब्यू पर सबसे बेहतरीन प्रदर्शन अब भी नरेंद्र हिरवानी के नाम है, जिन्होंने 1988 में वेस्टइंडीज के खिलाफ चेन्नई में 8/61 लिए थे। लेकिन मानव सुथार का 6/33 का स्पेल पिछले 38 वर्षों में किसी भारतीय डेब्यूटेंट द्वारा सबसे प्रभावशाली प्रदर्शन में गिना जा रहा है।
क्या भारत को जडेजा का उत्तराधिकारी मिल गया?
मानव सुथार का यह प्रदर्शन ऐसे समय आया है, जब भारतीय टेस्ट टीम भविष्य की स्पिन योजना पर काम कर रही है। रविचंद्रन अश्विन और रवींद्र जडेजा ने लंबे समय तक भारत की घरेलू टेस्ट सफलता की नींव रखी। अब जडेजा के करियर के अगले चरण को देखते हुए भारतीय टीम को एक भरोसेमंद लेफ्ट आर्म स्पिन विकल्प की जरूरत है।
सुथार ने गेंद के साथ-साथ बल्ले से भी उपयोगी संकेत दिए। निचले क्रम में आकर उन्होंने तेज 28 रन बनाए, जिसमें दो चौके और दो छक्के शामिल रहे। यही वजह है कि उन्हें भविष्य के ऑलराउंड विकल्प के रूप में भी देखा जा सकता है।
और अंत में
एक टेस्ट मैच किसी खिलाड़ी का पूरा भविष्य तय नहीं करता, लेकिन कभी-कभी एक डेब्यू ही यह बता देता है कि खिलाड़ी में लंबी रेस का दम है। मानव सुथार ने अफगानिस्तान के खिलाफ अपने पहले ही टेस्ट में वही संकेत दे दिए हैं।
6 विकेट, पहले ओवर में सफलता, 47 साल पुराना रिकॉर्ड और भारत को मजबूत स्थिति में पहुंचाने वाला स्पेल; मानव सुथार का टेस्ट डेब्यू भारतीय क्रिकेट के लिए यादगार बन गया है। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या वह सचमुच भारत के अगले बड़े लेफ्ट आर्म स्पिन ऑलराउंडर बन पाते हैं।
